बहुत हुआ, अब पाकिस्तान को मिट्टी में मिला दो. कश्मीर में शहीद हुआ बेटा तो पीएम मोदी से बोले गांव वाले,,,।
जम्मू कश्मीर के अनंतनाग में सर्च ऑपरेशन के दौरान मुठभेड़ में शहीद हुए पानीपत जिले के रहने वाले मेजर आशीष धौंचक का पार्थिव शरीर गुरुवार को उनके घर लाया जा रहा है। इसके बाद उनके शरीर को उनके पैतृक गांव पहुंचाया जाएगा। उनका परिवार शहर के सेक्टर 7 में किराए के मकान पर रहता है। इसलिए पहले पार्थिव शरीर को यहां लाया जा रहा है. इसके बाद पैतृक गांव बिंझौल में राज्यकीय सम्मान के साथ अंतिम संस्कार किया जाएगा। मेजर आशीष अपनी तीन बहनों में एकलौते भाई थे, मेजर आशीष की 2 साल की एक बेटी है और पत्नी ज्योति ग्रहिणी है।
शहीद मेजर के चाचा दिलावर सिंह ने बताया की कुछ दिन पहले ही उनकी बातचीत आशीष से हुई थी। उस वक्त उन्होंने घर के बारे में हाल-चाल जाना और सब के बारे में बात की। उन्होंने बताया कि अक्टूबर महीने में आशीष को घर आना था। क्योंकि जिस किराए के मकान में वे रह रहे हैं उसे शिफ्ट करके अपने नए मकान में जाना था। उन्होंने कहा कि हमें आशीष के बारे में फोन से जानकारी मिली थी कि उनका एक बेटा लेफ्टिनेंट है उन्होंने आशीष के बारे में सारी जानकारी दी। आशीष के चाचा ने बताया करीब डेढ़ महीना पहले आशीष घर पर भी आया था।
पूरा देश कर रहा गर्व
आशीष के दादा ने जानकारी देते हुए बताया उन्हें अपने बेटे पर गर्व है, आज पूरा देश आशीष पर गर्व कर रहा है। उन्होंने सरकार से मांग की है कि उसके परिवार के लिए सरकार को कुछ करना चाहिए। उन्होंने बताया कि जब आशीष घर पर आता था तो सबसे मेलजोल रखता था। सब के साथ हंसी मजाक करता था और बहुत ही मिलनसार था। उन्होंने बताया कि आशीष खेलकूद में भी अच्छा था।
पीएम से मांग
आशीष के पड़ोसी नरेंद्र ने बताया कि आशीष की शहादत पर पूरा देश आज गर्व कर रहा है, लेकिन अब वक्त बदल चुका है और मोदी जी के पास बहुत अच्छा मौका है। उन्होंने कहा कि सारी जिंदगी बीत गई बदला लेते-लेते, लेकिन अब देश को ऐसा सख्त कदम उठाया चाहिए। उन्होंने मांग की है कि अब पाकिस्तान को पूरी तरह से धूल में ही मिला देना चाहिए।